[1] हे जाति-जाति के मनखेमन, लकठा म आवव अऊ सुनव; हे मनखेमन, धियान देके सुनव! धरती अऊ जऊन कुछू ओमा हवय, संसार अऊ जऊन कुछू ओमा ले निकलके आथे, जम्मो के जम्मो सुनव!
[2] यहोवा सब जाति के मनखेमन ऊपर रिस करत हवय, ओकर कोप ह ओमन के जम्मो सेना ऊपर हवय। ओह ओमन ला पूरा नास कर दीही, ओह ओमन के हतिया करे बर दे दीही।
[3] ओमन के मारे गय मनखेमन ला बाहिर फेंक दिये जाही, ओमन के लास ले दुरगंध आही; पहाड़मन ओमन के लहू ले गीला हो जाहीं।
[4] अकास के जम्मो तारामन खतम हो जाहीं अऊ अकास ला कागज सहीं लपेटे जाही; जइसन अंगूर के नार के पानमन मुरझाके अऊ अंजीर रूख ले अंजीरमन सिकुड़के गिर जाथें, वइसन ही जम्मो तारा मंडल गिर जाहीं।
[5] मोर तलवार ह अकास म पीके छक गे हवय; देखव, येह नियाय बर एदोम ऊपर उतरत हे, ओ मनखे, जेमन ला मेंह पूरा नास कर दे हंव।
[6] यहोवा के तलवार लहू ले भर गे हे, येह चरबी ले ढंक गे हवय— मेढ़ा-पीला अऊ बोकरामन के लहू ले, मेढ़ामन के गुरदा के चरबी ले भरे हवय। काबरकि बोसरा नगर म यहोवा बर एक बलिदान अऊ एदोम देस म बड़े मारकाट करे गे हवय।
[7] ओमन के संग जंगली बईलामन, बछवामन अऊ बड़े सांड़मन ला काटे जाही। ओमन के देस ह खून ले भीग जाही, अऊ धुर्रा ह चरबी ले भर जाही।
[8] काबरकि पलटा लेय बर यहोवा मेर एक दिन हवय, सियोन के मामला ला उठाय बर, पलटा लेय के एक बछर हवय।
[9] एदोम के सोतामन ढलान म बदल जाहीं, अऊ ओकर धुर्रा ह बरत गंधक म; ओकर भुइयां ह बरत ढलान बन जाही!
[10] येह रात अऊ दिन नइं बुताही; येकर धुआं हर समय उठत रहिही। पीढ़ी-पीढ़ी तक येह उजाड़ परे रहिही; कोनो ओमा ले होके फेर कभू नइं जाहीं।
[11] मरू-भुइयां के उल्लू अऊ चीखनेवाला उल्लू ओमा निवास करहीं; उहां बड़े उल्लू अऊ कऊआ बसेरा करहीं। परमेसर ह एदोम ऊपर गड़बड़ी के नापे के डोरी अऊ सुन्नापन के नापे के बाट ला तानही।
[12] ओकर परभावसाली मनखेमन करा उहां अइसे कुछू नइं होही, जेला राजा के राज कहे जा सकय, ओकर सब हाकिममन के अन्त हो जाही।
[13] ओकर महलमन म कंटिला रूख, अऊ ओकर गढ़मन म बिच्छू पऊधा अऊ झाड़ीमन उगहीं। ओह सियारमन के डेरा, अऊ उल्लूमन के घर हो जाही।
[14] उहां मरू-भुइयां के जन्तुमन हुंर्रामन संग बसहीं, अऊ जंगली बोकरामन एक-दूसर ला बलाहीं; उहां रथिया के जीवमन घलो अराम करहीं अऊ अपन बर अराम करे के जगह बना लीहीं।
[15] उहां घुघवा ह खोंधरा बनाही अऊ अंडा दीही, अंडा ले पीलामन निकलहीं, अऊ ओह अपन डेनामन के आड़ म ओ पीलामन के देखभाल करही; उहां बाज चिरईमन घलो अपन-अपन जोड़ीदार के संग जूरहीं।
[16] यहोवा के किताब म देखव अऊ पढ़व: येमा के एको ठन घलो बात पूरा होय बिगर नइं रहय, कोनो ला अपन जोड़ीदार के कमी नइं होही। काबरकि येह यहोवा के मुहूं अय, जऊन ह हुकूम देय हवय, अऊ ओकर आतमा ह ओमन ला इकट्ठा करे हवय।
[17] ओही ह ओमन के भाग ला बांटथे; ओह अपन हांथ ले नापके ओमन ला बांट देथे। ओमन येला हमेसा बर अपन अधिकार म ले लीहीं अऊ पीढ़ी-पीढ़ी तक उहां निवास करहीं।