[1] पौलुस दन्न से जे परमेसर के हिच्छा से यीसु मसीह के परेरित हे, ऊ पवित्तर आउर मसीह यीसु में बिस वासी लोग के नाँव जे इपि फसुस में हथ:
[2] हमनी के पिता परमेसर आउर परभु यीसु मसीह के दन्न से तोहनी के किरपा आउर सानि्त मिलइत रहे।
[3] हमनी के परभु यीसु मसीह के परमेसर आउर पिता के ध् न्न वाद होय कि ऊ हमनी के मसीह में स रगीय अस्थान में सब तरह के आतमा स म्बन्धी आसीरबाद देलथी हे।
[4] ज इस न ऊ हमनी के दुनिया के सि रज न से पहिले मसीह में चुन लेलन कि हमनी उन्हकर नगीच परेम में पवित्तर आउर निरदोष होय अई।
[5] अउर अप्पण हिच्छा के भल मनस हत के मोताबिक हमरा अपना लेल पहिले से चुनलन कि यीसु मसीह दिया हम उन्हकर गोद लेवल बेटा बनिअई,
[6] कि उन्हकर ऊ किरपा के बड़ाइ के गुणगान होय, जेकरा ऊ हमरा उ पि रिअय में मुफ्त देलथिन।
[7] हमनी के उन्हकरा में उनकर खून के ज रिए छुटकारा माने पाप के माफी, उन्हकर ऊ किरपा के धन के मोताबिक मिलल हे,
[8] जेकरा ऊ स ऊँसे गियान आउर स मझ के जौरे हमनी पर ढ़ेरेक बेसी कयलन।
[9] काहेकि ऊ अप्पन हिच्छा के भेद ऊ भलहि मनस हत के मोताबिक हमनी के बतय लन, जेकरा ऊ अपनही अपने में संकलप कयलन हल
[10] कि बखत के पूरा होवे के अयसन स रजाम होय कि जे कुछ सरग में हे आउर जे कुछ धरती पर हे, स भकुछ ऊ मसीह में जमा करय।
[11] ओकरे में जेकरा में हमनियो ओकरे मन से जे अप्पन हिच्छा के विचार के मोताबिक स भकुछ करऽ हे, पहिले से तय होके तरका बने
[12] कि हमनी, जे पहिले से मसीह पर आसा रखली हल, उन्हखर महिमा के अस्तुति के ओज ह होय।
[13] अउर ओकरे में तोहनियो पर, जब तोहनी सच के बचन सुनलऽ जे तोहनी के उद्धार के सुभसमाचार हे अउर जेकरा पर तोहनी बिसवास कय लऽ, परतिग्यां कयल पवित्तर आतमा के छाप लगलय।
[14] ऊ उन्हकर कीनल के छुटकारा ला हमनी के तरका के बयाना हे कि उनकर महिमा के अस्तुति होय।
[15] ई ओज ह, हम्हुं ऊ बिसवास के स माचार सुनके जे तोहनी में परभु यीसु पर हइ आउर सब स न्त लोग पर परगट हे,
[16] तोहनी ला ध् न्न वाद करनाय नञ छोड़ऽ, अउर अप्पण याचना में तोहनी के इयाद कयल करऽ ही।
[17] कि हमर परभु यीसु मसीह के परमेसर जे महिमा के पिता हथ, तोहनी के अप्पन पहचान में गियान आउर अंजोर के आतमा देथ,
[18] अउर तोहनी के मन के आँख ज गमगा जाय कि तोहनी जान लेहु कि उन्हखर बोलाहट के आसा का हे, अउर स न्त लोग में उनखर तरका के बड़ाइ के दउलत कइस न हे,
[19] अउर उखकर स मारथा हमनी में जे बिसवास करऽ हथ, केतना महान हे, उन्हकर तागद के परभाव के ऊ काम के मोताबिक
[20] जे ऊ मसीह में कय लथी कि उनखा मरल में से जि या के स रगीय अस्थान में अप्पण दाहिना दन्ने
[21] सब तरह के परधानता, आउर अ धिकार, आउर स मारथा, आउर परभुता के, आउर हरेक नाँव के उप र, जे नञ खाली ई लोक में बाकि आवेवाला लोको में लेवल जयतइ, बइठय लथी;
[22] अउर स भकुछ उन्हकर पइर तरे कर देलथी; अउर मसीह के सब चीज पर से उपर बताके कलीसिया के दे देलथिन,
[23] ई मसीह के देह हे, अउर उन्हकरे स मपूरण रू पसे तिरपित हे जे सभ में स बकुछ पूरा करऽ हे।